: श्रीमद्बागवत कथा विश्राम के बाद हवन व भंडारे का हुआ आयोजन
Mon, Oct 23, 2023
आगरा। फतेहाबाद रोड स्थित राज देवम में श्रीमद्बागवत कथा विश्राम के बाद आज हवन व भंडारे का आयोजन किया। भंडारे में बाह, पिनाहट सहित आस-पास के ग्रामीण क्षेत्रों के हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद प्राप्त किया।
हवन में कथा आयोजक संतोष शर्मा व उनकी धर्मपत्नी ललिता शर्मा सहित समस्त परिवारीजनों ने आहूति दी। विधि विधान व वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ हवन सम्पन्न कराया गया। इसके उपरान्त दोपहर से देर शाम तक भंडारे में हजारों श्रद्धालुओं श्रीमद्भागवत कथा का प्रसाद ग्रहण किया। सर्व प्रथम कथा वाचक डॉ. श्याम सुन्दर पाराशर ने प्रसाद ग्रहण करने के उपरान्त भंडारे का शुभारम्भ किया गया।
इस अवसर पर मुख्य रूप से वृन्दावन से आए 200 से अधिक संत, भाजपा युवा प्रदेश अध्यक्ष प्रियांशु दुबे, भाजपा युवा मोर्चा ब्रज क्षेत्र अध्यक्ष मनीष गौतम, युक्ति शर्मा, रामकुमार शर्मा, संजय शर्मा आदि उपस्थित रहे।
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Mon, Oct 23, 2023
श्रीमनःकामेश्वर बाल विद्यालय, दिगनेर में चल रही है श्रीराम लीला
नवम दिन लीला में हुआ लंका दहन, विभिषण शरणागति, सेतु बंध, रामेश्वर स्थापना और अंगद रावण संवाद
आगरा। हृदय में भगवान राम का नाम धारण करके जो भी काम करेंगे, उसमें सफलता मिलना तय है। हनुमान जी ने लंका प्रवेश और उसका दहन इन्हीं दो अक्षरों के माध्यम से किया।
सोमवार को गढ़ी ईश्वरा, ग्राम दिगनेर, शमशाबाद रोड स्थित श्रीमनः कामेश्वर बाल विद्यालय में चल रहे बाबा मनःकामेश्वरनाथ रामलीला महोत्सव के नवम दिन लंका दहन, विभिषण शरणागति, सेतु बंध, रामेश्वर की स्थापना और अंगद रावण संवाद प्रसंग हुआ। लंका दहन प्रसंग में हनुमान जी के स्वरूप द्वारा भगवान के नाम की महिमा का बखान किया गया। वहीं रामेश्वर लिंगम की स्थापना पर भगवान राम ने जब कहा कि शिव द्रोही मम दास कहावा, सो नर सपनेहु नहीं मोहि भावा अर्थात शंकर जी से द्रोह करने वाला व्यक्ति मेरी कितनी ही भक्ति करे मुझे वो अच्छा नहीं लगता। प्रभु श्रीराम को प्राप्त करने के लिए भगवान शिव की आराधना सबसे आवश्यक है। यह संवाद सुनते ही प्रांगण श्रीराम और हर हर महादेव के जयकारों से गूंज उठा।
श्रीमहंत योगेश पुरी ने कहा कि श्री राम ने नौ दिन की कड़ी शक्ति उपासना की और नौवे दिन मां दुर्गा प्रकट हुईं और विजयश्री का वरदान राम को दिया। अगले दिन यानी दशमी को मां के आशीर्वाद से राम ने रावण का वध किया और अधर्म पर धर्म की ध्वजा फहराई गई। मां सीता के अपमान करने वाले का कुल श्रीराम ने वंश सहित खत्म कर दिया। मठ प्रशासक हरिहर पुरी ने बताया कि मंगलवार को लक्ष्मण शक्ति, रावण, कुंभकर्ण, मेघनाद का वध लीला प्रसंग होंगे।
राम मंदिर के शुभारंभ पर मनाएं दीपावली
आरएसएस के विभाग प्रचारक आनंद जी बाबा मनःकामेश्वरनाथ राम लीला महोत्सव में पहुंचे। उन्होंने अयोध्या में विराजमान प्रभु श्रीराम लला के दर्शनों के लिए आगामी 22 जनवरी 2024 के बारे में जानकारी दी व आह्वान किया कि प्रत्येक घर में उस दिन दीपावली की जाए तो उपस्थित भक्त समूह में हर्षोल्लास छा गया।
शुभारंभ आरती के समय पधारे सूर्य प्रताप सिंह जी (श्रवण गंगा सेवा समिति) ने पूर्णिमा पर सोरो गंगाजी में स्नान एवं दर्शन के लिए आमंत्रित किया और निःशुल्क बस सेवा की बात कही।
फोटो, कैप्शन− गढ़ी ईश्वरा, दिगनेर, शमशाबाद रोड स्थित श्री मनः कामेश्वर बाल विद्यालय में आयोजित बाबा मनःकामेश्वर नाथ राम लीला महोत्सव में लीला मंचन करते कलाकार।
: आगरा में स्थापित होगी प्रदेश की पहली मदर मिल्क बैंक, गर्भाधान संस्कार एवं मेटरनिटी होम में होगी स्थापित
Mon, Oct 23, 2023
मुंबई से आए ह्यूमन मिल्क बैंक कन्वेनर, प्रमोटर एवं कॉर्डिनेटर दीपक जे दावे करें सहयोग
खतैना रोड, जयपुर हाउस में निर्माणाधीन श्रीचंद्रभान साबुन वाले सेवा ट्रस्ट द्वारा की जा रही पहल
अनेक बीमारियों से महिलाओं को मिल सकती है राहत, प्रसव बाद दूध दान करने से होगा अनाथाें का भी कल्याण
आगरा। मां दूध, यूं ही वरदान नहीं कहा जाता। ये वो अमूल्य सोना है जो न सिर्फ शिशुओं के लिए जीवनदायी, स्वास्थदायी होता है वहीं स्तनपान कराने वाली माताएं भी स्वयं निरोगी और ब्रेस्ट कैंसर जैसी बीमारी से दूर रह सकती हैं। मां के दूध की महत्ता को देखते हुए आगरा में प्रदेश की पहली मदर मिल्क बैंक की स्थापना की पहल श्री चंद्रभान साबुन वाले सेवा ट्रस्ट की ओर से जा रही है।
सोमवार को खतैना रोड, जयपुर हाउस स्थित ट्रस्ट के निर्माणाधीन गर्भाधान संस्कार एवं मेटरनिटी होम पर मदर मिल्क बैंक उदघोषणा समारोह आयोजित किया गया। समारोह के मुख्य वक्ता भारत में ह्यूमन मिल्क बैंक की स्थापना में सहयोगी दीपक जे दावे (मुंबई) ने बताया कि देश में ह्यूमन मिल्क बैंक की स्थापना 1987 से आरंभ हुई थी। तब से अब तक करीब 38 बैंक स्थापित हो चुकी हैं। उत्तर प्रदेश के आगरा में यह पहली मदर मिल्क बैंक स्थापित होगी। जो भी प्रसूता माताएं स्तनपान कराती हैं, वे अपने शिशु को स्तनपान कराने के अतिरिक्त दुग्ध को बैंक में दान कर सकेंगी। इससे उनके द्वारा दान किये गए दुग्ध से मां के दूध से वंचित बच्चों को जीवन दान मिल सकेगा।
सीएमओ डॉ अरुण श्रीवास्तव ने कहा कि मां का दूध मानवजाति के लिए ही वरदान की तरह है। आगरा में इस तरह की बैंक की स्थापना होना शहरवासियों के लिए बड़ी उपलब्धि होगी। स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ नरेंद्र मल्होत्रा ने कहा कि प्रसव के बाद शुरुआती दो दिन का मां के आंचल का वो पीला दूध अमूल्य सोने की तरह होता है। वहीं करीब छह माह तक मां का दूध शिशुओं के लिए लाभदायक होता है। उधर स्तनपान न कराने या दूध की गांठ रह जाने के कारण महिलाओं को तमाम बीमारियां भी घेर लेती हैं। यदि प्रसूता अपना दुग्ध अपने शिशु को पिलाने के बाद बैंक में जमा करा देती है तो इससे अन्य शिशु को भी जीवनदायी अमृत मिल सकता है। समाजसेवी एवं संरक्षक अशाेक गोयल ने कहा कि गर्भाधान संस्कार एवं मेटरनिटी होम स्वतः शहर के लिए एक उपहार की तरह है, जहां प्रसवपूर्व मां के गर्भ में ही बच्चे में संस्कारों के बीज रोपित किये जाएंगे। वहीं प्रसव के बाद मां के दूध की सुरक्षा का दायित्व भी अब निभाया जाएगा। ये सेवा पूरी तरह निःशुल्क रहेगी।
उद्घाेषणा समारोह के अवसर पर डा. भारती अगव्राल, डॉ अनुपम गुप्ता, डॉ संजय चतुर्वेदी, मुकेश जैन, एडवोकेट अशाेक अग्रवाल, राकेश गर्ग, नंदकिशाेर गोयल, नरेंद्र कुमार, रमेश कुमार, निधि अग्रवाल, मनोज अग्रवाल, सुरेश चंद्र अग्रवाल, कांता माहेश्वरी, ब्रजलता अग्रवाल, रवि अग्रवाल आदि उपस्थित रहे।
इस तरह किया जाएगा मां का दूध संरक्षित
दीपक जे दावे ने बताया कि कोई भी स्तनपान कराने वाली मां अपने शिशु को दूध पिलाने के पश्चात बचे आंचल के दूध को मदर मिल्क बैंक में प्रिर्जव करा सकेगी। दूध को एक स्टेनलेस स्टील के कंटेनर में भरकर फ्रिज में स्टोर करने के बाद बैंक तक लाने के लिए एक कूल बैग, जिसमें ड्राई आइस हों, उसमें रखकर ला सकेंगे। बैंक में दूध की स्क्रीनिंग की जाएगी। पता लगाया जाएगा कि दानदाता माता किसी तरह की बीमारी से ग्रस्त जैसे कैंसर, एड्स आदि से ग्रस्त तो नहीं हैं। एल्कोहल का सेवन तो नहीं करतीं। परीक्षण के बाद दूध को बैंक में रख सकेंगे।
इस तरह से हो सकेगा दूध का प्रयोग
कोई शिशु जिसे जन्म के बाद मां का दूध किसी भी कारण से नहीं मिल पा रहा है, उसके लिए मदर मिल्क बैंक से संपर्क किया जा सकता है। बैंक से दूध ले जाने के बाद पहले कमरे के तापमान तक उस दूध को लाकर, बच्चे को पिला सकेंगे।
पूर्वाग्रह से ग्रसित न हों, मां का दूध वरदान है
देश में ह्यूमन मिल्क बैंक की संस्थापक डॉ अरमिडा फर्नांडीज के सहयोगी के रूप में कार्य कर रहे दीपक दावे ने बताया कि भारत के अतिरिक्त मलेशिया, बांग्लादेश में भी ह्यूमन मिल्क की स्थापना में वे सहयोग कर चुके हैं। सिंगापुर में भी जल्द मिल्क बैंक आरंभ हो जाएगी। भारत में निम्नवर्ग की महिलाएं अपने आंचल का दूध दान करने में हिचकिचाती नहीं हैं। उनके लिए ये परमार्थ है किंतु विडंबना है कि उच्च वर्ग में ये सोच कम है। पूर्वाग्रह, अहम या वहम के कारण इतना अतुलनीय दान उच्चवर्ग की महिलाएं नहीं करतीं। जबकि इससे स्वयं उनके भी शरीर को लाभ पहुंचता है। बीमारियों से दूर रहने के साथ ही उनका शरीर भी सुडौल और स्वस्थ रहता है।