: यमुना व्यू गार्डन से भी निहार सकेंगे ताजमहल, आवारा श्वानों-बंदरों के लिए खुलेगा पुनर्वास केंद्र
Wed, May 22, 2024
आगरा. 21/05/2024. आज मंगलवार को मंडलायुक्त रितु माहेश्वरी की अध्यक्षता में पर्यावरण, बंदरों की समस्या, इको टूरिज्म एवं वृक्षारोपण इत्यादि के संबंध में समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में नगरायुक्त अंकित खंडेलवाल ने बंदरों की समस्या को लेकर अवगत कराया कि इनके समाधान हेतु वर्तमान में अनुबंधित संस्था द्वारा दयालबाग में रेस्क्यू सेंटर संचालित किया जा रहा है। अब तक लगभग 11000 बंदरों को पड़कर वैक्सीनेशन/नसबंदी करने के पश्चात पुनर्वास किया गया जा चुका है। वहीं आवारा श्वानों के लिए चार केंद्र संचालित हैं जिनमें अभी तक 45000 से अधिक श्वानों का वैक्सीनेशन/नसबंदी किया जा चुका है। वर्तमान में संचालित उपरोक्त केंद्रों की समीक्षा करते हुए मंडलायुक्त ने निर्देश दिए कि नगर निगम द्वारा आवारा श्वानों एवं बंदरों के लिए रेसक्यू व पुनर्वास केंद्र खोलने हेतु एक प्रोजेक्ट तैयार किया जाए। इस केंद्र पर ट्रीटमेंट होने के बाद श्वानों की तरह बंदरों को भी चिन्हित किया जाए ताकि यह जानकारी रहे कि कितने बंदरों का प्रॉपर ट्रीटमेंट हो चुका है। रेस्क्यू एवं पुनर्वास केंद्र का प्रोजेक्ट तैयार कर आगामी बोर्ड बैठक से पास करा कर शासन को भेजने के निर्देश दिए।
वन विभाग द्वारा यमुना न्यू गार्डन और ताजमहल के आसपास से बड़े नालों से यमुना नदी में सीधे गिर रहे गंदे पानी, कचरा और सिल्ट की समस्या रखी गई। जिसे लेकर अवगत कराया गया कि यमुना नदी में सीधे गिरने वाले नालों को टैपिंग करने के साथ ही वॉटर ट्रीटमेंट एवं बायोरेमेडीएशन का कार्य चल रहा है। लगभग 20 नालों को टेप कर दिया गया है। 23 नालों को टैप किए जाने का कार्य प्रगति पर है जबकि 38 और नए नालों की डीपीआर बनाकर स्वीकृति हेतु शासन में भेजा जा चुका है। निर्देश दिए गए कि यमुना नदी में गिरने वाले सभी नालों में सॉलिड वेस्ट को रोकने हेतु जाली लगाई जाए। ताजमहल के पास जालमा इंस्टिट्यूट के पीछे से जा रहे बड़े नाले को टैप करने के साथ बैरिकेडिंग लगाकर कवर किया जाए।
वन विभाग द्वारा इको टूरिज्म विकसित करने से संबंधित प्रोजेक्ट का प्रस्तुतीकरण किया गया। ताजगंज स्थित आगा खां हवेली से लेकर हाथी खाना होते हुए यमुना किनारे क्षेत्र तक और बटेश्वर में होलीपुरा गांव को इको टूरिज्म के रूप में विकसित करने के प्रोजेक्ट की समीक्षा करते हुए इसका एस्टीमेट तैयार प्रोजेक्ट शासन को भेजने के निर्देश दिये। वहीं वृक्षारोपण अभियान के अंतर्गत बैठक में मौजूद नगर निगम, उद्यान विभाग, वन विभाग एवं एएसआई को निर्देश दिए कि सभी विभाग अपने-अपने क्षेत्र को ग्रीनरी से पूरी तरह विकसित करने का लक्ष्य लें। हाईवे, शहर की मुख्य सड़क, पार्क, एप्रोच रोड के किनारे, सेंट्रल वर्ज, डिवाइडर, ताजमहल सहित अन्य स्मारकों के आस पास तथा एक बड़े भूभाग में व्यवस्थित रूप से हरियाली विकसित करने हेतु अधिक से अधिक वृक्षारोपण किया जाए।
यमुना किनारा रोड़ स्थित ताज व्यू गार्डन को लेकर निर्देश दिए गए कि इस गार्डन को आमजन एवं पर्यटक के लिए खोला जाए ताकि यहां से भी ताजमहल की सुंदरता को निहारा जा सके। वहीं लोगों की आवाजाही को ध्यान में रखते हुए यमुना व्यू गार्डन को विकसित किया जाए।
: ताजमहल बनाम तेजोमहालय की सुनवाई में उपस्थित नहीं हुआ कोई प्रतिवादी
Wed, May 22, 2024
Agra. ताजमहल तेजोमहालय है यानी शिव मंदिर है इसको लेकर योगेश्वर श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संघ ट्रस्ट ने सिविल जज (जूनियर डिवीजन) के न्यायालय में दायर की गई याचिका पर आज सुनवाई की गई। कहा गया है कि, ताजमहल एक शिव मंदिर है जो तेजोमहादेव या तेजोलिंग महादेव है जिसकी मंगलवार को कोर्ट में सुनवाई हुई।
सिविल जज (जूनियर डिवीजन) के न्यायालय की न्यायाधीश शिखा सिंह ने मंगलवार को योगेश्वर श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संघ ट्रस्ट के दायर वाद तेजोमहादेव पर सुनवाई की। ये मामला भगवान तेजोमहादेव/तेजोलिंग महादेव आदि बनाम सचिव, संस्कृति मंत्रालय आदि है जिसमें एक भी प्रतिवादी उपस्थित नहीं हुए। इसलिए, न्यायाधीश शिखा सिंह ने इस मामले में सुनवाई की अगली तारीख 10 जुलाई दी है।
बता दें कि, ताजमहल को लेकर आए दिन विवाद सामने आते हैं। कभी ताजमहल के तहखाने में स्थित 22 कमरे खोलने का विवाद तो कभी ताजमहल, एक मकबरा या मंदिर विवाद। इसी कड़ी में बीते माह योगेश्वर श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संघ ट्रस्ट ने सिविल जज (जूनियर डिवीजन) के न्यायालय में एक याचिका दायर की थी जिसमें कहा कि, ताजमहल एक शिव मंदिर है जो तेजोमहादेव या तेजोलिंग महादेव है जिसकी मंगलवार को कोर्ट में सुनवाई हुई।
योगेश्वर श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संघ ट्रस्ट के अधिवक्ता अजय प्रताप सिंह ने बताया कि, याचिका की सुनवाई में सभी प्रतिवादी अनुपस्थित रहे। न्यायालय ने वाद की कार्यवाही आगे बढ़ाते हुए सिविल प्रक्रिया संहिता के अधीन वादी को पैरवी करने के आदेश जारी किए हैं। न्यायालय ने कामरेड भजनलाल के सिविल प्रकिया संहिता के अधीन वाद में विपक्षी बनने के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई की तिथि 10 जुलाई निर्धारित की है।
योगेश्वर श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संघ ट्रस्ट के अधिवक्ता अजय प्रताप सिंह ने बताया कि, सुनवाई के बाद न्यायालय के आदेशानुसार सभी विपक्षीगण को नियमानुसार पैरवी करेंगे। ताजमहल को तेजोमहादेव/तेजोलिंग महादेव घोषित करने का वाद न्यायाधीश शिखा सिंह के न्यायालय में विचाराधीन है।
अधिवक्ता अजय प्रताप सिंह ने बताया कि, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एसआई) के महानिदेशक माधोस्वरूप वत्स ने सन 1946 के प्राचीन भारत के बुलेटिन और आगरा गजेटियर 1905 में ताजमहल के शिल्पकार को विवादित बताया है। सन 1910 के एशियाटिक सोसाइटी आफ बंगाल के जर्नल में भी ताजमहल के निर्माण का तथ्य विवादित बताया गया है। ये तेजोमहादेव तेजोमहालय मंदिर है।
: डंपर और मिनी ट्रक में भिंडत, आधा दर्जन लोग हुए घायल
Wed, May 22, 2024
आगरा. 21 मई 2024. देर रात लालऊ ओवरब्रिज के पास अचानक लाल गिट्टी से भरा डंपर और मिनी ट्रक तेज़ आवाज के साथ आपस में टकरा गए। आवाज इतनी ज्यादा थी कि पास में सो रहे स्थानीय लोग जाग गए और दौड़ कर घटना स्थल पर पहुंच गए। देखते ही देखते लोगों का जमावड़ा लग गया। वहीं मिनी ट्रक में बैठीं सवारियां बुरी तरह घायल हो गई। आनन फ़ानन में लोगों ने घायलों को निजी अस्पताल में भर्ती कराया।
पूरा मामला थाना मलपुरा क्षेत्र के लालऊ ओवर ब्रिज के नीचे का है।मलपुरा पुलिस के अनुसार रविवार की रात करीब 2 बजे लाल गिट्टी का डंपर जगनेर की ओर से आ रहा था। एक मिनी ट्रक आगरा की ओर से जगनेर की ओर जा रहा था जिसमें सवारियां भी बैठी थी। आशंका व्यक्त की जा रही है कि मिनी ट्रक चालक को नींद की झपकी आ गई, जिसके चलते उसने डंपर में टक्कर मार दी। तेज धमाके की आवाज सुनकर आसपास के लोग भी मौके पर जाकर तो देखा डंपर ने मिनी ट्रक के साथ-साथ रोड के किनारे हलवाई की दुकान को भी पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। मिनी ट्रक में चालक सहित लगभग आधा दर्जन लोग थे, जोकि घायल हो गए। मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेज दिया है। जिसमें जगनेर के रहने वाले मुकेश, विनय सिंह, खेमचंद भूरी सिंह पवन सहित सभी लोग घायल हो गए जिन्हें अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है।
थानाध्यक्ष ईश्वर सिंह तोमर ने बताया है कि अभी मामले में किसी पक्ष की ओर से कोई तहरीर नहीं आई है। घायलों को इलाज के लिए पुलिस ने आगरा भर्ती कर दिया है।
वहीं दुकानस्वामी शैलेंद्र सिंह ने बताया है कि लालऊ ओवर ब्रिज के किनारे उनकी हलवाई की खोखा है। हादसे के बाद डंपर खोखा में घुस गया। खोखा में रखा करीब 2 लाख रुपए की कीमत का सामान पूरी तरह तहस नहस कर दिया। गनीमत यह रही उसे समय दुकान पर कोई सो नहीं रहा था। अन्यथा कोई भी गंभीर हादसा हो सकता था।