: सेवा, संघर्ष और विकास की मिसाल रहे सेठ अचल सिंह को शहर ने किया नमन
Mon, May 5, 2025
सेठ अचल सिंह की 131वीं जयंती पर वार्षिकोत्सव एवं सम्मान समारोह सम्पन्न
डॉ. प्रमोद मित्तल को सेठ अचल सिंह की स्मृति में 'सदाचारी नागरिक सम्मान' से किया गया सम्मानित
आगरा। स्वतंत्रता सेनानी, वरिष्ठ राजनेता एवं आगरा के प्रथम सांसद रहे सेठ अचल सिंह की 131वीं जयंती के अवसर पर रविवार को दरेसी स्थित अचल भवन में अचल ट्रस्ट द्वारा एक भव्य वार्षिकोत्सव एवं सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह सेठ अचल सिंह की पुण्य स्मृति को समर्पित था।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रदीप माथुर (पूर्व नेता, उत्तर प्रदेश कांग्रेस विधानमंडल दल), विशिष्ट अतिथि डॉ. रंजना बंसल, रोहित वोहरा, अचल ट्रस्ट के अध्यक्ष शशि शिरोमणि, ट्रस्ट मंत्री राजीव अग्रवाल द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। अंतर्राष्ट्रीय गायक सुधीर नारायण ने वंदे मातरम और वैष्णव जन गीतों से कार्यक्रम को देशभक्ति का रूप दिया।
प्रदीप माथुर ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में कहा कि सेठ अचल सिंह न केवल स्वतंत्रता संग्राम के अग्रणी सेनानी थे, बल्कि उन्होंने राजनीति को जनसेवा का माध्यम बनाकर उस आदर्श को स्थापित किया जिसकी आज आवश्यकता है। उनका जीवन नैतिकता, समर्पण और विकास का प्रतीक है। उन्होंने आगरा को एक नई पहचान दिलाई। वर्तमान पीढ़ी को उनके जीवन से प्रेरणा लेकर राजनीति और समाज सेवा को सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ाना चाहिए।
विशिष्ट अतिथि डॉ रंजना बंसल ने कहा कि सेठ अचल सिंह का कृतित्व और व्यक्तिव सादगी, सरलता और संवेदना सिखाता है। साथ ही ये बताता है कि बड़ा आदमी वही है जो समाज को समर्पित हो।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विधायक धौलपुर रोहित वोहरा ने कहा कि सेठ जी के नैतिक सदाचारी आयोजन को अनवरत जारी रखना सराहनीय है। लेडी माउंटबेटन एट होम की व्यवस्था करने का सौभाग्य सेठ जी मिला था। सेठजी उनमें से थे, जिनकी वजह से महावीर जयंती का राष्ट्रीय अवकाश होता है।
समारोह में विशेष रूप से डॉ. प्रमोद मित्तल को 'सेठ अचल सिंह सदाचारी नागरिक सम्मान' से सम्मानित किया गया। यह सम्मान अचल ट्रस्ट द्वारा प्रतिवर्ष उन विशिष्ट व्यक्तियों को प्रदान किया जाता है जो समाज सेवा, नैतिक मूल्यों एवं सादगीपूर्ण जीवन शैली का उदाहरण बनते हैं।
डॉ. मित्तल, एक समर्पित चिकित्सक के रूप में, वर्षों से जनसेवा में जुटे हैं। चिकित्सा के क्षेत्र में उनकी सेवा, निःस्वार्थ भावना और समाज के प्रति उत्तरदायित्व की भावना उन्हें इस सम्मान के योग्य बनाती है। डॉ प्रमोद मित्तल ने सम्मान के प्रति आभार व्यक्त किया। कहा कि ईश्वर ने मानव बनाया है, अच्छे गुण होने चाहिए। मानव सेवा सबसे बड़ा तीर्थ है।
विवेक वोहरा ने कहा कि आज भी पूरे हिंदुस्तान में उनके दादाजी सेठ अचल सिंह को लोग जानते हैं। यह आगरा का गौरव हैं।
डॉ मधुरिमा शर्मा ने कहा कि सेठजी ऐसे राजनेता थे जो निस्वार्थ भाव से जनता की सेवा करते थे। इसी कड़ी में राजकुमार जैन, बृजेंद्र लोढ़ा आदि ने अपने विचार रखे।
अचल ट्रस्ट के मंत्री राजीव अग्रवाल ने अपने वक्तव्य में सेठ अचल सिंह के जीवन की झलक प्रस्तुत करते हुए बताया कि सेठ जी ने 9 वर्ष स्वतंत्रता संग्राम में जेल यात्राएं कीं। ब्रिटिश काल में वे तीन बार आगरा से विधायक (तब की प्रांतीय धारावी सभा में), दो बार नगर पालिका पार्षद, उपसभापति तथा दो बार छावनी परिषद के सदस्य चुने गए। स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद वे 1952 से 1977 तक लगातार 25 वर्षों तक लोकसभा में आगरा का प्रतिनिधित्व करते रहे।
उनके कार्यकाल में शहर को जवाहर पुल (यमुना नदी पर), स्पोर्ट्स स्टेडियम (सदर में), एमजी रोड का चौड़ीकरण, संजय प्लेस (व्यापारिक केंद्र), राजा मंडी रेलवे स्टेशन का विस्तार, ट्रांसपोर्ट नगर, बल्केश्वर आईटीआई, और महिलाओं की शिक्षा हेतु बीडी जैन डिग्री कॉलेज जैसी महत्वपूर्ण सौगातें मिलीं।
उन्होंने ट्रस्ट के वार्षिक कार्यों का विवरण देते हुए कहा कि निशुल्क बालिका शिक्षा के साथ ही निशुल्क होम्योपैथिक चिकित्सा की सुविधा, पुस्तकालय सेवा अचल भवन में वर्ष भर रहती है। पंकज जैन ने कहा कि अचल ट्रस्ट ने 200 मोतियाबिंद के आपरेशन गत वर्ष कराए। जल्द ही अचल भवन को नरेश जैन, सुशील विभव, श्याम बंसल, राजीव अग्रवाल और हरीश चिमटी के सहयोग से वातानुकूलित करवाया जाएगा।
अध्यक्ष शशि शिरोमणि ने कहा कि अचल ट्रस्ट द्वारा प्रतिवर्ष यह आयोजन न केवल श्रद्धांजलि के रूप में किया जाता है, बल्कि यह मंच शहर के उन नागरिकों को भी सम्मानित करता है जो सेठ अचल सिंह की जीवन मूल्यों को आगे बढ़ा रहे हैं। कार्यक्रम का संचालन हरीश चिमटी ने किया।
कार्यक्रम में कांग्रेस के शहर अध्यक्ष अमित सिंह, कांग्रेस नेता रणवीर शर्मा, रमाशंकर शर्मा, पीसी नरवार, राम टंडन, शमी अगाई, मनोज पोली, राजीव सक्सेना, आदर्श नंदन गुप्ता, शरद गुप्ता, संजय गुप्ता, अशोक शर्मा, अशोक राठी, दिनेश बाबू शर्मा, रामनाथ सिकरवार, किरण शर्मा आदि उपस्थित रहे।
: एक राष्ट्र एक चुनाव, सुधरेगी राजनीति और सुधार होगा राजनेता में भी, देश बढ़ेगा प्रगति के पथ पर: योगेंद्र उपाध्याय
Sat, May 3, 2025
नूरी दरवाजा एवं पेठा एसोसिएशन ने किया एक राष्ट्र एक चुनाव पर बौद्धिक परिचर्चा एवं विचार गोष्ठी का आयोजन
उच्च शिक्षा राज्य मंत्री योगेंद्र उपाध्याय बोले, क्षेत्रीय दलों के आने से राजनीति में बढ़ी गुंडागर्दी और बढ़ा भ्रष्टाचार
आगरा। एक राष्ट्र एक चुनाव हर समस्या का एक समाधान है। यह आज की नहीं कई दशकों से चली आ रही मांग है। 1957 में जब पहला आम चुनाव हुआ तब भी देश में एक राष्ट्र एक चुनाव ही होते थे। यह प्रक्रिया 1967 तक चली लेकिन 1968 के बाद राजनीतिक विसंगतियों बढ़ीं और क्षेत्रीय दल अस्तित्व में आने लगे। क्षेत्रीय दलों के आने से गुंडागर्दी बढ़ी और भ्रष्टाचार भी बढ़ा। भारत में एक राष्ट्र एक चुनाव लागू होने से राजनीति के साथ-साथ राजनेता भी सुधरेंगे और क्षेत्रीय दलों में भी सुधार आएगा। एक राष्ट्र एक चुनाव विषय पर हुई विचार गोष्ठी में यह कहना था मुख्य अतिथि उच्च शिक्षा राज्य मंत्री योगेंद्र उपाध्याय का।
शनिवार को नूरी दरवाजा एवं पेठा संगठन द्वारा एक राष्ट्र एक चुनाव पर परिचर्चा एवं विचार गोष्ठी का आयोजन नूरी दरवाजा स्थित शिवम वाटिका में किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत भाजपा के नवनियुक्त महानगर अध्यक्ष राजकुमार गुप्ता के स्वागत एवं सम्मान से हुई। विशिष्ट अतिथि आगरा व्यापार मंडल के अध्यक्ष तन अग्रवाल ने विषय परिवर्तन करते हुए कहां की एक राष्ट्र एक चुनाव व्यापारियों के लिए वरदान बनेगा। सबसे ज्यादा लाभ इससे व्यापारियों को ही होगा।
मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि लोक की आवाज जहां होती है वही लोकतंत्र चलता है लोकतंत्र की स्थायित्व के लिए जरूरी है कि चुनाव निष्पक्ष और पारदर्शी हो। इस पारदर्शिता को लाने के लिए एक राष्ट्र एक चुनाव करवाने के प्रयास 90 के दशक से जारी है। 1993, 98, 2018 अलग-अलग समय पर यह मांग चुनाव आयोग, लॉ कमीशन, नीति आयोग द्वारा उठाती रही। एक राष्ट्र एक चुनाव एकात्मक और एकता का भाव भारत में लाएगा। बार-बार चुनाव होने के कारण जो आर्थिक विकास में बाधा उत्पन्न होती है वह दूर होगी और एक राजनेता को 5 साल तक स्थायित्व के साथ काम करने का अवसर मिलेगा।
कार्यक्रम संयोजक राजेश अग्रवाल ने कहा कि एक राष्ट्र एक चुनाव भारत को विकसित देश की श्रृंखला में लाने का महत्वपूर्ण साधन है। आचार संहिता के कारण बार-बार विकास कार्य रुक जाते हैं। एक बार चुनाव होने से सरकारें अपना कार्यकाल विकासपरक ढंग से पूरा कर सकती हैं। कार्यक्रम अध्यक्ष सुरेश चंद्र गर्ग ने धन्यवाद ज्ञापित किया। संचालन आगरा व्यापार मंडल के मंत्री राजीव गुप्ता ने किया।
इस अवसर पर सह संयोजक रिषभ गर्ग, नवल शर्मा, राकेश अग्रवाल, तुषार गोयल, विपुल अग्रवाल, महामंत्री सुनील कुमार सिंघल, उपाध्यक्ष सीता राम अग्रवाल, कोषाध्यक्ष राकेश मित्तल, सह कोषाध्यक्ष विनोद सिंघल, संजय गर्ग, एसपी अग्रवाल, नितेश शर्मा, यथार्थ अग्रवाल, राजकुमार गर्ग, पवन गर्ग ,शिव कुमार अग्रवाल, मुकेश गोयल, आगरा व्यापार मंडल के महामंत्री अशोक मंगवानी, संगठन महामंत्री राकेश बंसल, कोषाध्यक्ष नीतेश अग्रवाल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष कन्हैया लाल राठौर, सूचना प्रसार मंत्री दुष्यंत गर्ग, जय प्रकाश अग्रवाल, भगवानदास बंसल, उपाध्यक्ष संदीप गुप्ता, राजेश सिंहल, राजेन्द्र गुप्ता,अशोक लालवानी आदि उपस्थित रहे।
: “एक देश, एक चुनाव” समय की माँग - अरुण सिंह
Sat, May 3, 2025
डॉ. एमपीएस वर्ल्ड स्कूल, अतुल्य भारत कल्चरल सेंटर में आयोजित हुई संगोष्ठी
संगोष्ठी में सैंकड़ों की संख्या में प्रबुद्धजनों ने लिया भाग, हुआ, मंथन
आगरा। डॉ. एमपीएस ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस द्वारा डॉ. एमपीएस वर्ल्ड स्कूल, अतुल्य भारत कल्चरल सेंटर में शनिवार को “एक देश, एक चुनाव” विषय पर एक विशेष संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री एवं सांसद अरुण सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में विभिन्न जनप्रतिनिधियों, शिक्षाविदों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और विषय पर विचार व्यक्त किए।
अरुण सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि "एक देश, एक चुनाव" की अवधारणा भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था को अधिक सशक्त, पारदर्शी और व्यावहारिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने कहा कि बार-बार चुनावों के कारण प्रशासनिक मशीनरी प्रभावित होती है, विकास कार्यों में रुकावट आती है और देश पर भारी आर्थिक बोझ पड़ता है। समन्वित चुनावों से नीति निर्माण में निरंतरता बनी रहेगी, संसाधनों की बचत होगी और लोकतांत्रिक प्रक्रिया और अधिक मजबूत होगी।
एक साथ चुनाव देश को ले जाएगा स्थायित्व और पारदर्शिता की ओर
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे पूरन डावर ने कहा कि एक साथ चुनाव भारत को स्थायित्व और पारदर्शिता की दिशा में ले जाएगा। विशिष्ट अतिथि डॉ. एमपीएस ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरपर्सन स्क्वाड्रन लीडर ए.के. सिंह ने कहा कि यह कदम प्रशासनिक बाधाओं को कम करेगा और शासन व्यवस्था को अधिक प्रभावशाली बनाएगा, जबकि जगत सिंह फौजदार ने इस विचार को लोकतंत्र की आर्थिक मजबूती के लिए आवश्यक बताया।
भाजपा जिला अध्यक्ष प्रशांत पौनियां ने कहा कि यह व्यवस्था पंचायत से लेकर संसद तक चुनाव प्रणाली में सुधार लाएगी। जिला संयोजक श्याम भदौरिया ने इसे जनभागीदारी को सशक्त बनाने वाला निर्णय बताया। सांसद राजकुमार चाहर ने इस व्यवस्था को विकास कार्यों में निरंतरता लाने वाला बताया। प्रदेश महामंत्री राम प्रताप सिंह चौहान ने कहा कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकतांत्रिक सुधारों के विज़न का अहम हिस्सा है।
उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व राज्यमंत्री चौधरी उदयभान सिंह ने कहा कि देश को एक नई दिशा देने के लिए यह एक आवश्यक पहल है। विधायक रानी पक्षालिका सिंह ने जनता को बार-बार मतदान से राहत मिलने की बात कही, जबकि विधायक भगवान सिंह कुशवाह ने इसे लोकतंत्र की दक्षता बढ़ाने वाला विचार बताया। विधायक छोटेलाल वर्मा ने कहा कि इससे प्रशासनिक प्रक्रिया में स्थायित्व आएगा और योजनाएं समय पर पूरी हो सकेंगी। जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया ने कहा कि इससे गांव से लेकर शहर तक एकरूपता आएगी और विकास में गति आएगी। मंच संचालन एवं व्यवस्था के सह संयोजक यशपाल राणा ने सभी दलों से इस विषय पर सकारात्मक चर्चा की अपील की, जबकि सह संयोजक मातेन्द्र धाकरे ने कहा कि समन्वित चुनाव आज के समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन चुके हैं। वहीं जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष प्रदीप भाटी ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
विशेष रूप से रहे मौजूद
कार्यक्रम में अनेक जनप्रतिनिधि, भारतीय जनता पार्टी के अधिकारी, शिक्षाविद, जनप्रतिनिधि और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ सुधीर गर्ग, रंजीत सामा, प्रमोद महाजन, अतुल गुप्ता, सहदेव शर्मा, सोनू (ब्लॉक प्रमुख), अमित बाल्मीकि, उत्तम सिंह, सत्यदेव दुबे, अशोक चाहर, सन्तोष कटारा, योगेन्द्र त्यागी, दिनेश गोयल, देवेन्द्र वर्मा, डॉ. रजनीश त्यागी, राहुल चौधरी, होरा सिंह, मानवेन्द्र राठौर, शिव कुमार प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।