: सज गए मंगल कलश, हाथों में रची मेहंदी, कलश यात्रा आज
Sat, Dec 14, 2024
आगरा। कल भव्य कलश यात्रा के लिए आज मंगल कलश सजाए। भक्ति भाव के साथ हाथों में राम नाम की मेहंदी रचाई। 15 दिसम्बर से सीता धाम (कोठी मीना बाजार) में प्रारम्भ होने जा रही श्रीराम कथा के तहत आज कथा स्थल पर मेहंदी उत्सव व कलश सज्जा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें भक्तों ने उत्साह और उमंग के साथ भाग लिया। 15 से 22 दिसम्बर तक प्रतिदिन संतश्री विजय कौशल जी महाराज के मुखारबिन्द से श्रीराम कथा की रसधारा बहेगी। 14 दिसम्बर को सुबह 9 बजे जयपुर हाउस स्थित चिन्ताहरण मंदिर से बैंड बाजों संग भव्य कलश यात्रा का आयोजन किया जाएगा।
मेहंदी उत्सव में श्याम नाम की मेहंदी लगाकर घूंघट में शर्माऊंगी…, हाथों में मेहंदी लगी सांवरे…, सावली सूरतिया पे बड़ो इतरावे…, चित्रकूट के घाट-घाट पर शबरी देखे बाट…, जैसे भजनों की भक्ति में हर भक्त डूबा था। मैं होली खेलन आई रे तुम कहां छुपे हो कान्हा… जैसे भजनों में भक्ति के साथ होली के रंग भी शामिल थे। सभी मंगल कलश श्रीफल, पुष्प, पीत वस्त्र व हल्दी की गांठ डालकर सजाए गए। भक्तिमय गीतों पर महिलाओं ने नृत्य भी किया।
इस अवसर पर मुख्य रूप से रेखा अग्रवाल, निकिता अग्रवाल, मधु, उषा गोयल, सुनीता फतेहपुरिया, ज्योति, सिंघम, ऋतु मित्तल, नीलू अग्रवाल, रेखा वर्मा, वंदना अग्रवाल, खुशबू, मंगलमय परिवार के महामंत्री राकेश अग्रवाल, अध्यक्ष घनश्यामदास अग्रवाल, कोषाध्यक्ष महावीर मंगल, मुख्य यजमान सलिल गोयल, ओपी गोयल, प्रशांत मित्तल, पीके भाई, मयंक अग्रवाल, उमेश शर्मा, कृष्ण कुमार शर्मा, अशोक गर्ग, मुन्नालाल बंसल, विजय गोयल, निखिल गर्ग, सरजू बंसल आदि उपस्थित थे।
: युवा ज्ञान और शक्ति से डेंगू मिटेगा बस्ती से
Wed, Dec 11, 2024
युवाओं के सहयोग से स्वास्थ्य विभाग ने 200 हाई रिस्क बस्तियों में डेंगू का प्रसार किया नियंत्रित
200 बस्तियों में पहले मिले 16 डेंगू मरीज, अब केवल एक मिला
आगरा, 11 दिसंबर 2024। गढ़ी हुसैनी, सीतानगर, नगला भारती, सराय मलूक चंद, सराय ख्वाजा, मोहनपुरा, जेपी नगर, इस्लामनगर, बापू नगर जैसी 200 हाई रिस्क बस्तियों को स्वास्थ्य विभाग की टीम और एंबेड परियोजना के प्रतिनिधियों ने क्षेत्रीय युवाओं के सहयोग से डेंगू के प्रसार को नियंत्रित किया। वर्ष 2023 में इन 200 हाई रिस्क बस्तियों में 16 डेंगू के मरीज मिले थे, जबकि 2024 में इन बस्तियों में केवल एक ही डेंगू का मरीज मिला है। यह कमाल स्वास्थ्य विभाग के साथ काम कर रहे सीतानगर निवासी ओम गुप्ता और गढ़ी हुसैनी निवासी ज्योति कुमारी जैसे युवा स्वयंसेवकों ने कर दिखाया है। उन्होंने दिखाया कि क्षेत्रीय नागरिकों की जागरुकता से क्षेत्र को सुरक्षित और रोगमुक्त बनाया जा सकता है।
गढ़ी हुसैनी निवासी ज्योति कुमारी बताती हैं कि वह पढ़ाई कर रही हैं। इसके साथ ही वह स्वास्थ्य विभाग की टीम और एंबेड संस्था के साथ अपने क्षेत्र में मच्छर जनित बीमारियों के उन्मूलन के लिए भी युवा स्वयंसेवक के रूप में कार्य करती हैं। उन्होंने बताया कि सबसे पहले हमने अपने घर को मच्छर जनित रोगों से मुक्त किया। इसके लिए अपने घर के आस-पास के 200 मीटर के दायरे में मच्छरों के पनपने के कारणों जैसे- गमलों, टायरों और कूलर में भरे साफ पानी को हटाया। इसके बाद में अपने क्षेत्र में भी यही प्रक्रिया दोहराई। उन्होंने बताया कि पहले उनके क्षेत्र में दो डेंगू के मरीज मिले थे, लेकिन इस साल एक भी डेंगू का मरीज नहीं मिला है।
सीतानगर निवासी ओम गुप्ता ने बताया कि हमने अभियान के तहत लोगों को जागरुक किया। उन्हें बताया कि साफ पानी में डेंगू का मच्छर पनपता है। इससे बचाव के लिए अपने क्षेत्र में पानी का जमाव न होने दें। इसके साथ ही टीम के साथ क्षेत्र में मच्छरों के लार्वा को ढूढ़कर उनका सोर्स रिडक्शन कराया। दो माह से मेरे क्षेत्र में मच्छर जनित रोगों से संबंधित कोई केस नहीं आया है मैं आशा करता हूं कि यह स्थिति लगातार बनी रहे।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि जनपद आगरा के शहरी क्षेत्र में डेंगू , मलेरिया, चिकनगुनिया जैसे मच्छर जनित रोगों की रोकथाम के लिए जनपद आगरा में फैमिली हेल्थ इंडिया गोदरेज और ज़िला स्वास्थ्य समिति के सहयोग से एंबेड संस्था मच्छर जनित बीमारियों के उन्मूलन परियोजना का संचालन 2022 से कर रही है। इस परियोजना में क्षेत्रीय युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए उन्हें स्वयंसेवक बनाया गया और उनको प्रशिक्षित कर विभाग की टीम और एंबेड संस्था के सदस्यों ने विभिन्न स्तर पर अभियान चलाकर 200 हाई रिस्क बस्तियों से डेंगू, चिकनगुनिया और मलेरिया जैसे रोगों का उन्मूलन किया।
वेक्टर बॉर्न रोगों के नोडल अधिकारी डॉ. एसएम प्रजापति ने बताया कि एंबेड संस्था जनपद में 357 लक्षित मलिन बस्तियों में मच्छर जनित बीमारियों के उन्मूलन के लिए स्वास्थ्य विभाग का सहयोग कर रही है। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा 200 हाई रिस्क बस्तियों को चिन्हित कर उनमें विशेष अभियान संचालित किया गया। इसमें क्षेत्रीय युवा स्वयंसेवकों ने महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाई और हमें मच्छर जनित रोगों की रोकथाम में सफलता प्राप्त हुई। उन्होंने बताया कि जिन हाईरिस्क 200 बस्तियों में साल 2023 में 16 डेंगू के मरीज मिले थे, उनमें साल 2024 में केवल एक ही डेंगू का मरीज मिला।
जिला मलेरिया अधिकारी राजेश गुप्ता ने बताया कि एंबेड संस्था की बिहेवियर चेंज कम्युनिकेशन फेसिलिटेटर नीरज कुमारी और श्वेता के द्वारा हाई रिस्क बस्तियों में युवाओं का चिन्हांकन करके उन्हें सिविक एक्शन कार्यक्रम के तहत विगत वर्ष जिन बस्ती में डेंगू के मरीज पाए गए उन बस्ती को सिविक एक्शन कार्यक्रम में शामिल किया गया और बस्ती के युवाओं को संचारी रोग की जानकारी बैठकों के माध्यम से युवाओं को दी गई । उन्हें मच्छर पनपने के कारणों, मच्छर जनित रोगों, डेंगू के लार्वा और उसका सोर्स रिडक्शन करने के बारे में प्रशिक्षित किया गया। इसके बाद क्षेत्र में विभिन्न गतिविधियों में युवा स्वयंसेवकों को शामिल करके लोगों को जागरुक किया गया। एफएचआई संस्था ( फैमिली हेल्थ इंडिया), एंबेड परियोजना के प्रतिनिधियों के द्वारा मच्छर जनित रोगों और डेंगू बचाव और जागरूकता गतिविधियों में सहयोग किया जा रहा है। एफएचआई, फैमिली हेल्थ इंडिया संस्था, एंबेड परियोजना के सिटी कोऑर्डिनेटर इरशाद खान, यूथ कोऑर्डिनेटर मोहित शर्मा, बीसीसीएफ कार्यकर्ता और युवा स्वयंसेवक के द्वारा मच्छर जनित रोगों और डेंगू बचाव जागरूकता गतिविधियों में सहयोग किया जा रहा है।
सहायक मलेरिया अधिकारी नीरज कुमार ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीम और एंबेड परियोजना के कार्यकर्ताओं ने हाई रिस्क बस्तियों में सर्वे करके, सामुदायिक बैठकों का आयोजन करके लोगों को मच्छर जनित रोगों और उनसे बचाव के संबंध में लोगों को जागरुक किया। लोगों को बताया कि अपने आसपास पानी को जमा न होने दें, क्योंकि यहीं पर मच्छर पनपते हैं। इसके साथ ही इन बस्तियों में अभियान चलाकर युवा स्वयंसेवकों और टीम के द्वारा कूलर, गमलों, टायरों मं भरे पानी को साफ किया। इसके साथ ही 800 घरों में डेंगू का लार्वा चिन्हित करके उसका सोर्स रिडक्शन किया गया। साथ में नगर निगम के सहयोग से इन बस्तियों में तय रोस्टर के तहत एंटी लार्वा का छिड़काव भी कराया गया। उन्होंने बताया कि अभी आगरा में 32 मलिन बस्तियों में 32 स्वयं सेवक दैनिक तौर पर कार्य कर रहे हैं। जबकि लगभग 1200 युवा स्वयं सेवक इस कार्यक्रम से जुड़े हुए हैं जो समय समय पर सुविधानुसार संचारी रोगों से बचने के लिए मुहिम का हिस्सा हैं।
आप भी अपने क्षेत्र को मच्छर जनित रोगों से बचाएं -
अपने घर के 200 मीटर के आसपास के क्षेत्र को साफ-सुथरा रखें और कहीं भी पानी जमा न होने दें। पानी जमा होने से मच्छर पनपते हैं।
सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करें, विशेष रूप से उन जगहों पर जहां मच्छर अधिक होते हैं।
मच्छरों से बचने के लिए पूरी आस्तीन के कपड़े और लंबी पैंट पहनें।
घर में मच्छर भगाने वाले इलेक्ट्रिक उपकरणों का उपयोग करें, जैसे कि लिक्विड रिपेलेंट मशीनें।
घर के दरवाजों और खिड़कियों पर मच्छरदानी या जाली लगाएं ताकि मच्छर अंदर न आ सकें।
पानी के टंकी, बाल्टी और अन्य पानी के बर्तन को ढक कर रखें।
सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं द्वारा समय-समय पर मच्छर जनित रोगों की जांच कराएं और किसी भी असामान्य लक्षणों पर ध्यान दें।
: घर मे शास्त्र और शस्त्र रखने वाला होता है सच्चा सनातनी - आचार्य देवकीनंदन ठाकुर
Wed, Dec 11, 2024
भारत को किसी की भीख में नहीं मिली आजादी
हिंदू संगठित होगा तभी सुरक्षित होगा
कथा में तीसरे दिन किया प्रह्लाद चरित्र का वर्णन
बाह। भारत को आजादी भीख में नहीं मिली है। आजादी के लिए हमारे पूर्वजों ने फांसी के फंदे को अंगीकार किया है। इतने अनगिनत लोगों की आजादी में आहूति है कि कई लोगों के तो नाम भी कहीं नहीं है। धर्म की स्थापना करना चाहते हो, तो कभी कभी शांति के लिए युद्ध भी परम आवश्यक है और युद्ध के लिए शस्त्र परम आवश्यक होता है। इसलिए अपने परिवार की रक्षा के लिए जिस भगवान को पूजते हो उनके प्रिय शस्त्र को घर में रखो। घर में शास्त्र और शस्त्र दोनों रखो। मित्र से शास्त्रीय भाषा मे और शत्रु से शस्त्र से बात करनी चाहिए। हम किसी को मिटाना नहीं चाहते, लेकिन कोई हमें मिटाने, हमारी आने वाली पीढी को मिटाने का संकल्प ले, ऐसा हम होने नही देंगे। इसके लिए हम जो भी कुर्बानी देनी पड़े हम तैयार है। घर मे शस्त्र और शास्त्र रखने वाला होता है सच्चा सनातनी। यह वाक्य बुधवार को बाह स्थित बजरंग आश्रम में आयोजित श्रीमदभागवत कथा मे आचार्य देवकी नंदन ठाकुर ने श्रद्धालुओं से कहे।
उन्होंने कहा आज भगवान के हो तो सुरक्षित हो, लेकिन संसार के होने पर सुरक्षित नही हो सकते। भगवान श्रीकृष्ण कहते है जब भी जीवन मे परोपकार करने का अवसर मिले, तो परोपकार करो। आपको भगवान ने जीभ दी है, उससे भजन करो, नेत्र दिए उससे दर्शन करो, कान दिए उससे भगवान की कथा को सुनो, हाथ दिए तो उनसे भगवान की सेवा करो, धन दिया है तो उसे दान करो। यह मानव की शुद्धता और पवित्रता का प्रतीक होता है। यदि हिंदू संगठित रहेगा, तभी वह सुरक्षित रहेगा। उन्होंने सभी को मिलकर एक मजबूत और संगठित समाज बनाने का आह्वान किया।
पूज्य महाराज देवकी नन्दन ठाकुर ने बताया कि इस संसार में कुछ भी निश्चित नहीं है, सब कुछ क्षणभंगुर है। मनुष्य को अपनी आत्मा के वास्तविक स्वरूप को पहचानने और मोह माया से मुक्त होने के लिए प्रयासरत रहना चाहिए। बच्चों के चरित्र निर्माण के लिए कथा सुनना अत्यंत आवश्यक है। माता-पिता को अपने बच्चों को इन कथाओं से जोड़ना चाहिए, ताकि उनमें अच्छे संस्कारों का विकास हो। सच्चा भक्त वही है जिसमें उसके इष्ट का प्रतिबिंब स्पष्ट रूप से दिखे। ऐसा व्यक्ति अपने जीवन में सत्य, प्रेम, और करुणा जैसे गुणों को अपनाकर समाज के लिए प्रेरणा बनता है।
इस अवसर पर विधायक रानी पक्षालिका सिंह, श्याम भदौरिया, चैयरमेन भूमि विकास बैंक, उत्तर प्रदेश, पूर्व विधायक हरिओम यादव ने सम्मिलित होकर व्यास पीठ का आशीर्वाद प्राप्त कर कथा श्रवण किया। आज मुख्य रूप से अरुण चतुर्वेदी, पवन चतुर्वेदी, दीपक शर्मा, कृपाशंकर दीक्षित, अनुपम मिश्रा, वीरेन्द्र चतुर्वेदी, हिमांशु, अमृतांश, ओम, सूर्यांश अवधेष, राजेश, नरेश, हरिओम, पंकज, पवन, राघव आदि उपस्थित थे।