: एसएन में सर्वाइकल कैंसर से बचाव की पहल को मिली सराहना
Tue, Jul 2, 2024
प्रोफेसर डॉ. रुचिका गर्ग का नाम इंडिया बुक ऑफ रिकार्ड्स में हुआ अंकित
आगरा। महिलाओं में होने वाला सबसे आम कैंसर सर्वाइकल कैंसर है। इससे बचाव के लिए सरोजिनी नायडू मेडिकल कॉलेज में सराहनीय पहल की जा रही है। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता के मार्गदर्शन और सहयोग से सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए जागरूकता अभियान और वैक्सीनेशन का कार्य किया जा रहा है। इसके लिए अभियान की जिम्मेदारी संभाल रहीं एसएन मेडिकल कॉलेज की गायनिक विभाग में प्रोफेसर डॉ. रुचिका गर्ग को इंडिया बुक ऑफ रिकार्ड्स में नाम अंकित किया गया है, उन्होंने सर्वाइकल कैंसर वैक्सीनेशन कैम्प का आयोजन कर अभी तक सबसे ज्यादा मेडिकल छात्राओं का वैक्सीनशन कराया है।
डॉ. रुचिका गर्ग ने बताया कि वैक्सीनेशन के लिए दो विशाल कैंप का आयोजन किया गया l पहला कैम्प 3 मार्च 2024 को लगाया गया। दूसरा कैम्प 9 मई 2024 को लगाया गया। दोनों शिवर में 250 मेडिकल की छात्राओं ने सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए वैक्सीन लगवाई l उन्होंने बताया कि डॉ. प्रशांत गुप्ता के द्वारा सर्वाइकल कैंसर की जागरूकता और बचाव के लिए यह पहल की गई है जिससे ज्यादा से ज्यादा लोग सर्वाइकल कैंसर के बारे में जानकारी और उसके बचाव के लिए आगे आए । डॉ. रुचिका गर्ग ने बताया कि जिन महिलाओं की इम्यूनिटी कमजोर होती है उनको कैंसर का रिस्क रहता है। इसलिए ऐसा जरूरी नहीं है कि जिस महिला में एचपीवी वायरस है उसको सर्वाइकल कैंसर भी हो जाएगा. लेकिन अगर सही समय पर एचपीवी वैक्सीन लगवा लें तो इस कैंसर से काफी हद तक बचाव मुमकिन है।
प्राचार्य डॉ. प्रशान्त गुप्ता ने बताया कि अब नर्सिंग की छात्राओं को भी सर्वाइकल कैंसर ( बच्चेदानी के मुँह का कैंसर) के लिए जागृत किया जाएगा । बच्चेदानी के मुँह के कैंसर का वैक्सीन 9 से 26 साल तक की उम्र में दिया जाता है। लेकिन डॉक्टर से सलाह करके गार्डासिल 45 साल तक भी दिया जा सकता है। जितनी कम उम्र में इसे लिया जाए उतना अच्छा होता है । डॉ. प्रशान्त गुप्ता सभी लोगों से अपील करते हुए कहा है कि भले यह वैक्सीन थोड़ी महंगी है और आपको स्वयं खरीद के लगवानी है लेकिन सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए और आपके स्वास्थ्य के लिए स्वयं विचार करें, जितनी जल्दी हो सके सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए वैक्सीन लगवाएं ।
सर्वाइकल कैंसर से बचाव की वैक्सीन
9 से 26 वर्ष महिलाओं को भारतीय सर्वावैक वैक्सीन 1400 रुपए पर डोज लगाई जाती है। 26 से 45 वर्ष की महिलाओं को गार्डासिल वैक्सीन 3100 रुपए पर डोज लगाई जाती है।
डॉ. रुचिका गर्ग ने बताया कि इससे पहले इस तरह का इनीशिएटिव नहीं लिया गया था। एक साथ 250 मेडिकल छात्राओं ने सर्वाइकल कैंसर से बच्चों के लिए वैक्सीन लगवाई। उन्होंने बताया कि इतनी ज्यादा बच्चों की काउंसलिंग करना कोई आसान काम नहीं था लेकिन सर्वाइकल कैंसर से महिलाओं को बचाने के जज्बे ने मुझे अपने लक्ष्य पर अग्रसर रखा। मेडिकल छात्रों को सर्वाइकल कैंसर के प्रति जागरूक किया। साथ ही काउंसलिंग भी की। क्योंकि सर्वाइकल कैंसर के बारे में लोगों को बहुत कम जानकारी है लोगों को सर्वाइकल कैंसर के लिए जागरूक करना बहुत जरूरी है 9 से 26 वर्ष की महिलाओं को भारतीय सर्वावैक वैक्सीन लगाई जाती है और 26 से 45 वर्ष की महिलाओं को गायनोसिल वैक्सीन लगाई जाती है। नौ से 14 साल तक की किशोरियों को वैक्सीन की दो डोज दी जाती हैं 15 से ऊपर 45 साल तक तीन डोज एचपीवी की तीन डोज लगाई जाती है। यह वैक्सीन सर्वाइकल कैंसर से 98% बचाव करती है। पाँच जुलाई को एसएन मेडिकल कॉलेज में सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए तीसरे कैम्प का आयोजन किया जाएगा
सर्वाइकल कैंसर के कारण जोखिम को बढ़ाते हैं
• ह्यूमन पेपिलोमा वायरस (HPV) - यह एक यौन संचारित वायरस है, जिसके 100 से ज्यादा प्रकार में लगभग 14 प्रकार सर्वाइकल कैंसर का कारण बनते हैं।
• असुरक्षित यौन संबंध - एचपीवी से संक्रमित व्यक्ति के साथ यौन
• संबंध बनाने से यह फैलता है। साथ ही जो महिलाएं एक से ज्यादा पार्टनर के साथ यौन संबंध बना चुकी हैं या जो कम उम्र में यौन संबंध बना चुकी है, उसमें सर्वाइकाल कैंसर का खतरा ज्यादा होता है।
• गर्भधारण - जो महिलाएं तीन या तीन से ज्यादा बच्चों को जन्म दे चुकी है, उनमें इस कैंसर का जोखिम ज्यादा होता है।
• गर्भनिरोधक गोलियां ज्यादा समय तक गर्भ निरोधक गोलियों का प्रयोग करने से भी कैंसर के जोखिम को बढ़ावा मिलता है।
• यौन संचारित बीमारियां सिफलिस, गोनोरिया या क्लैमाइडिया से संक्रमित हो चुकी महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर का जोखिम ज्यादा होता है।
• धूम्रपान करना
• ज्यादा समय तक तनाव ग्रस्त रहना
सर्वाइकल कैंसर के लक्षण
• पैर में सूजन होना ।
• संभोग के दौरान दर्द महसूस होना।
• अनियमित पीरियड्स आना।
• ज्यादा रक्तस्राव होना।
• यूरीन पास करने में परेशानी होना।
• पैल्विक दर्द जो पीरियड्स से जुड़ा नहीं होता है।
• किडनी फेलियर।
• वजन कम हो जाना।
: अन्तर्विभागीय रैली निकालकर विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान का हुआ शुभारंभ
Tue, Jul 2, 2024
विधायक पुरूषोत्तम खण्डेलवाल ने जागरूकता रैली को दिखाई हरी झंडी
एक से 31 जुलाई तक चलेगा अभियान
आगरा। जनपद में सोमवार से विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान और दस्तक अभियान का शुभारंभ अन्तर्विभागीय विशाल रैली आयोजित कर हुआ। जागरूकता रैली को विधायक पुरूषोत्तम खण्डेलवाल द्वारा हरी झंडी दिखाई गई। रैली का नेतृत्व मुख्य चिकित्सा आधिकारी डॉ. अरूण कुमार श्रीवास्तव और अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजीव वर्मन के द्वारा किया गया।
सीएमओ ने बताया कि अभियान में चिकित्सा विभाग, आईसीडीएस, ग्राम्य विकास व पंचायती राज, शिक्षा, नगर निगम व शहरी विकास, कृषि, पशुपालन, दिव्यांग कल्याण, स्वच्छ भारत मिशन, सूचना, चिकित्सा शिक्षा, जल निगम और खाद्य व औषधि प्रशासन विभाग मिल कर कार्य करेंगे। उन्होंने बताया कि जुलाई से मलेरिया, डेंगू के प्रकोप के साथ डायरिया का खतरा बढ़ जाता है। संचारी रोगों से बचाव के साथ डायरिया रोको अभियान भी चलेगा ।
जिला सर्विलांस अधिकारी व नोडल अधिकारी डॉ. सुरेंद्र मोहन प्रजापति ने बताया कि डेंगू व चिकनगुनिया एडीज मच्छर से फैलती हैं। यह मच्छर दिन में काटता है और स्वच्छ पानी में पनपता है। वहीं मलेरिया एनाफिलीज मच्छर के काटने से फैलता है। यह मच्छर शाम से लेकर सुबह तक काटता है। यह साफ व ठहरे हुए पानी में पनपता है। अपने आसपास मच्छरों को न पनपने दें। इनसे बचाव करते रहें। बुखार आए तो नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर अपनी जांच अवश्य कराएं।
जिला मलेरिया अधिकारी राजेश गुप्ता ने बताया कि विषेश संचारी रोग नियंत्रण अभियान एक से 31 जुलाई तक एवं 11 जुलाई से दस्तक अभियान अन्तर्विभागीय सहयोग से चलेगा। अभियान के दौरान लोगों को साफ सफाई व स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जाएगा। जागरूकता रैली की प्रतिभागी आशा कार्यकर्ता भवानी ने बताया की संचारी रोग नियंत्रण, दस्तक अभियान और डायरिया रोको अभियान से संबंधित कार्य क्षेत्र के अनुसार तैयारी पूर्ण कर ली गई है साथ ही कार्य योजना के अनुसार प्रतिदिन अभियान को सफल बनाने के लिए पूरी निष्ठा से कार्य करेंगे।
सहायक मलेरिया अधिकारी नीरज कुमार ने बताया कि विभाग द्वारा मच्छरजनित रोगों व मच्छरों की रोकथाम के लिए टीमें घर-घर जाकर जांच कर रही हैं। लार्वा मिलने पर उनका निस्तारण किया जा रहा है। इसके साथ ही एंटी लार्वा का छिड़काव भी किया जा रहा है। साथ में लोगों को मच्छरों से बचाव के लिए जागरुक भी किया जा रहा है।
रैली में जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी अमित यादव, यूनीसेफ के प्रतिनिधी राहुल कुलश्रेष्ठ सहित अन्य विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों सहित विभिन्न स्कूलों के छात्र छात्राओं एवं शिक्षकों ने भाग लिया। रैली में आष्ठा एवं एंबेड संस्था के कर्मचारियों ने भी सहयोग किया।
जागरूकता रैली के बाद आयोजित हुई प्रेस वार्ता
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए मुख्य चिकित्सा आधिकारी डॉ. अरूण कुमार श्रीवास्तव ने प्रैस वार्ता में कहा कि नगर विकास, पशु पालन विभाग, पंचायती राज विभाग, समाज कल्याण विभाग, विकास, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग, दिव्यांग कल्याण विभाग, कृषि एवं सिचाई विभाग, शिक्षा विभाग, सूचना विभाग, चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग, एवं खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग) के द्वारा इस अभियान के दौरान साफ-सफाईजुद्ध पेय जल, पुष्ठाहार, स्कूलों में बच्चों को स्वास्थ्य शिक्षा तथा सभी दिव्यांग बच्चों का सतप्रतिशत आवश्यक उपकरण उपलब्ध कराये जाने सहित स्वास्थ्य विभाग की समस्त गतिविधियों के पूर्ण प्रतिवद्धता के साथ संचालित करने के दिशा निर्देश दिये।
: योगिनी एकादशी पर देर रात तक उमड़ा खाटू नरेश के दर आस्था का सैलाब
Tue, Jul 2, 2024
आषाढ़ कृष्ण पक्ष की एकादशी पर जीवनी मंडी स्थित श्रीखाटू श्याम जी मंदिर में हुआ कीर्तन, सजा फूल बंगला
आगरा। खाटू में लगा के दरबार, के सजधज बैठ्यो है सरकार… , श्याम भरोसा श्याम सहारा, जीवन नाव का खेवनहार…,भगवान श्रीनारायण हरि को समर्पित योगिनी एकादशी पर इन सुमधुर भजनों से सजा श्री खाटू नरेश का दरबार।
जीवनी मंडी स्थित श्री खाटू श्याम जी मंदिर में योगिनी एकादशी के अवसर पर सजा फूलों से श्याम बाबा का दरबार
जीवनी मंडी स्थित श्रीखाटू श्याम जी मंदिर पर मंगलवार को भव्य फूल बंगला सजाया गया। श्रीखाटू श्याम जी मंदिर ट्रस्ट समिति के अध्यक्ष दिनेश चंद्र अग्रवाल ने बताया कि एकादशी पर भाेर की आरती के साथ रात 11 बजे तक मंदिर के पट भक्तों के लिए खुले रहे। हजारों भक्तों ने श्याम बाबा के दर्शनों का पुण्य लाभ लिया। समधुर कीर्तन दरबार में भक्तों ने भी अपनों भावों की अर्जी लगाई।
सचिव संजय अग्रवाल और कोषाध्यक्ष विकास गोयल ने बताया कि योगिनी एकादशी निर्जला एकादशी के बाद और देवशयनी एकादशी से पहले आती है। कहा जाता है कि योगिनी एकादशी के दिन व्रत करने से पापों का नाश होता है। विपिन बंसल और हेमेंद्र अग्रवाल ने बताया कि एकादशी के बाद बुधवार को द्वादशी तिथि पर श्याम बाबा की ज्योति के दर्शन का लाभ भक्त लेंगे।