: सिंधी समाज श्रद्धा भाव के साथ मनाएगा स्वामी पुरसनाराम साहिब जी का दो दिवसीय मेला
Mon, May 6, 2024
आगरा। साध मोहल्ला शाहगंज स्थित सिंधी दरबार साधवेला में प्रत्येक वर्ष की तरह इस वर्ष भी 9 व 10 मई को स्वामी पुरसनाराम साहिब जी का दो दिवसीय मेला सिंधी समाज बड़े श्रद्धा भाव पूर्वक मनाएगा। जिसमें अनेकों आयोजन होगे।
सिंधी समाज परंपरागत प्राचीन उत्सव (मेला) बड़ी धूमधाम से मनाया जाएगा। साध तुलसीदास, साध रतुराम द्वारा समूह संगत से विनती की जाती है कि परिवार सहित दोनो दिन दरबार पहुंच कर संतो का आशीर्वाद प्राप्त करें। कार्यक्रम आयोजक गुरमुख दास, किशोर कुमार, सहयोगी समाजसेवी हेमंत भोजवानी, जयप्रकाश धर्माणी, गुरु सेवक श्याम भोजवानी, नरेश लखवानी, विजय भाटिया, तुलजाराम पुरसनानी, भोजराम लालवानी, हरीश टहिल्यानी, कन्हैया सोनी, लक्षमण कल्याणी, ककन भाई, दोलतराम साधवानी, लछू भाई व कार्यक्रम सहयोगी सिंधी युवामंच पूज्य सिंधी पंचायत शाहगंज आगरा हैं।
ये रहेंगे कार्यक्रम - 9 मई 2024
प्रातः 08 बजे हवन
प्रातः 11 बजे झंडा फहरान
दोपहर 02 बजे भोग प्रसादी भण्डारा
सायं 05 बजे से भजन सत्संग संध्या
10 मई 2024
प्रातः 07 बजे श्री सुखमनी साहिब जी का पाठ सत्संग
प्रातः 11 बजे बच्चों का मुंडन वह जनेऊ संस्कार
दोपहर 02 बजे भोग प्रसादी भण्डारा
सायं 05 बजे से श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का पाठ के भोग तत्पश्चात गुरु का लंगर
रात्रि 10 बजे से सत्संग सिमरन कीर्तन देर रात तक
: जैन मिलन आगरा सिद्धार्थ ने किया पानी के पात्रों का वितरण
Mon, May 6, 2024
आगरा। जैन मिलन आगरा सिद्धार्थ द्वारा इस भीषण गर्मी के मौसम में बेजुबान एवं असहाय पक्षियों के सहायतार्थ पानी के पात्रों का वितरण आवास विकास कॉलोनी स्थित सेंट्रल पार्क पर किया गया। संस्था द्वारा पार्क में आने वाले प्रत्येक सज्जन को अपने घर की छत पर मूक पक्षियों के लिये जल की व्यवस्था करने के उद्देश्य सभी को मिट्टी के पात्रों का निशुल्क वितरण किया गया।
इस अवसर पर क्षेत्रीय पार्षद संजू सिकरवार, भारतीय जैन मिलन के राष्ट्रीय संयुक्त मंत्री वीर अनिल आदर्श जैन, क्षेत्रीय मंत्री वीर सुशील कुमार जैन, शाखा अध्यक्ष वीर विजय जैन निमोरब, शाखा मंत्री डॉ अतुल कुमार जैन कोषाध्यक्ष अतिवीर पारस जैन, वीर अरुण जैन रविंद्र जैन हेमा भाई, वीर सतीश, चंद जैन, वीर राजेंद्र कुमार जैन, वीर अशोक कुमार जैन, वीर प्रदीप कुमार जैन, वीर राकेश कुमार जैन, वीर दिलीप जैन, वीर राकेश जैन पेंट, वीरांगना रचना जैन, वीरांगना चंदा जैन, वीर, सुरेश चंद जैन, वीर नितिन जैन वीर हुकुम चंद जैन आदि विशेष रूप से उपस्थित थे।
: श्रीकृष्ण रुक्मणि के मंगल विवाह कथा का मनोहारी वर्णन किया आचार्य हरिओमजी ने
Sat, May 4, 2024
आगरा। शिव वाटिका शमशाबाद रोड पर जन-जन के कल्याण के लिए चल रही श्रीमद् भागवत महापुराण कथा में सरस कथा व्यास आचार्य हरिओम जी ने बताया की भगवान श्री कृष्ण ने कामदेव के अहंकार को दूर करने के लिए रासलीला की।
प्रख्यात कथा व्यास आचार्य श्री रामनजर जी महाराज (पूज्य श्री हरि जी महाराज) के सानिध्य में चल रही श्रीमद् भागवत महापुराण कथा में आचार्य श्री हरि ओम जी महाराज ने सर्वप्रथम रासलीला का वर्णन किया। आचार्य जी ने बताया शरद ऋतु की रात्रियों में हजारों गोपियों के साथ भगवान श्री कृष्ण ने रासलीला की। आचार्य जी ने रासलीला के रहस्य को बताते हुए कहा कि रासलीला केवल स्त्री और पुरुष का मिलन नहीं है अपितु रासलीला जीव और ईश्वर का मिलन है और कामदेव के अहंकार को दूर करने के लिए ही परमात्मा ने रासलीला की। दूसरा कारण पूर्व में दिए हुए वरदानों के कारण गोपिया ब्रज में प्रकट हुई तो पूर्व में दिए हुए वरदान को सिद्ध करने के लिए भगवान श्री कृष्ण ने गोपियों के साथ रासलीला की।
आगे आचार्य जी ने कंस के उद्धार की कथा का वर्णन किया आचार्य जी ने बताया कंस कालनेमि का अवतार था और कंस ने संतो को ब्राह्मणों को गाय को देवताओं को बड़ा भारी कष्ट दिया। राक्षसों के उद्धार के लिए ही भगवान का अवतार होता है इसी कारण परमात्मा ने मथुरा में जाकर के कंस का उद्धार कर धर्मराज की स्थापना की।
आगे आचार्य जी ने उद्धव प्रसंग का वर्णन करते हुए बताया उद्धव जी का प्रसंग ज्ञान के ऊपर भक्ति और प्रेम की विजय है।
भगवान श्रीकृष्ण और रुक्मणी के विवाह की कथा का बड़ा ही मनोहर मनोहारी वर्णन किया। पधारे हुए श्रद्धालु भगवान श्री कृष्ण के विवाह की संगीतमय कथा सुनकर के झूमने लगे। आचार्य जी ने बताया कल कथा का अंतिम दिन है कल श्री सुदामा जी महाराज का चरित्र होगा और व्यास पूजन होगा।
आज श्रीमद् भागवत महापुराण की कथा में सौनू शर्मा, भानू शर्मा धिमश्री हाट वाले, समाजसेवी श्याम भोजवानी, विनोद शर्मा, राम गोपाल बित्थरिया, हिमेश बित्थरिया, संजय उपाध्याय, ऋषि उपाध्याय, कौशल शर्मा, गणेश पलिया, श्रीभगवान शर्मा, महेंद्र सिंह ठाकुर, श्रीमती राधिका, राहुल बित्थरिया आदि उपस्थित रहे