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: श्रीराम की बाल लीलाओं और वन गमन प्रसंग ने दिया धर्म-समर्पण का संदेश, भक्त हुए भावविभोर

Pragya News 24

Sat, Sep 6, 2025
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आगरा। सुभाष नगर, कमला नगर में विश्व सनातन ट्रस्ट द्वारा आयोजित 9 दिवसीय श्रीराम कथा महोत्सव के चतुर्थ दिवस पर कथा व्यास पं. भरत उपाध्याय ने भगवान श्रीराम की बाल लीलाओं और महर्षि विश्वामित्र संग वन गमन का प्रसंग सुनाकर भक्तों को भावविभोर कर दिया।

कथा व्यास पंडित भरत उपाध्याय ने कहा कि श्रीराम का बाल्यकाल केवल खेल और आनंद का प्रतीक नहीं, बल्कि आदर्श जीवन की पाठशाला है। उन्होंने बताया कि श्रीराम सदैव माता-पिता की आज्ञा का पालन करते और गुरुजनों की सेवा में तत्पर रहते थे। यह प्रसंग समाज को यह शिक्षा देता है कि जीवन में आदर्श पुत्र और शिष्य बनने से ही चरित्र का निर्माण होता है। वन गमन प्रसंग का वर्णन करते हुए पं. उपाध्याय ने कहा कि श्रीराम ने अपने भ्राता लक्ष्मण संग महर्षि विश्वामित्र का यज्ञ रक्षा हेतु साथ दिया और मार्ग में ताड़का का वध कर धर्म की स्थापना की। यह प्रसंग समाज को यह संदेश देता है कि जब-जब अधर्म और अन्याय बढ़ता है, तब सज्जनों को साहसपूर्वक आगे बढ़कर उसका सामना करना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि जैसे भगवान ने गुरु की आज्ञा पर वन गमन किया, वैसे ही हमें भी अपने जीवन में गुरु, माता-पिता और बड़ों के आदेश का पालन करना चाहिए। यही संस्कार परिवार और समाज को मजबूत बनाते हैं।

संस्था के संस्थापक एवं मुख्य यजमान आकाश शर्मा और रेखा शर्मा ने कहा कि कथा श्रवण केवल धार्मिक उत्सव नहीं है, बल्कि जीवन को अनुशासित और धर्ममय बनाने की प्रेरणा है।

इस अवसर पर गीता सिंघल, ऋतु गर्ग, सोहनी गर्ग, सपना गोयल, अंबे, अर्चना, बरखा, प्रेमलता शर्मा, बबिता शर्मा, कीर्ति, अमिता, गुंजन, कामना गोयल, रोशनी सिंघल, प्रेम वर्मा, एके सिंघल, राघव उपाध्याय, लालू जादौन आदि श्रद्धालु कथा का रसपान कर पुण्य लाभ अर्जित करते रहे।

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